भले ही प्रदेश में सरकार शिक्षा व्यवस्था को चुस्त और दुरुस्त बना कर सरकारी स्कूलों की स्थिति को बेहतर करने के दावे कर रही हो, लेकिन धरातल पर सरकार के दावे कुछ और ही हकीकत बयां कर रहे हैं। चौंकाने वाली बात ये है कि इस एकमात्र छात्र को पढ़ाने के लिए दो शिक्षिकाओं को नियुक्त किया है। निर्मल नाम का ये छात्र अगले महीने से छठवीं कक्षा में चला जाएगा। बता दें कि नैनीताल जिले राजकीय प्राथमिक विद्यालय घुग्घूखाम में बीते सालों में विद्यार्थियों की संख्या काफी कम हुई है। 2020-21 में यह संख्या घटकर 14 रह गयी। अब 2024 में यह संख्या घटकर केवल 1 रह गयी।
