हल्द्वानी के बनभूलपुरा में हुई हिंसा में छह लोगों की जान चली गई। 6 करोड़ से ज्यादा की सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचा है। बनभूलपुरा थाने को बवालियों ने आग के हवाले कर दिया, लेकिन इन सबके बीच एक सवाल हर किसी को परेशान किए हुए कि आखिरी इस भीषण हिंसा की असली पटकथा किसने लिखी? किसके उकसावे पर बनभूलपुरा में खूनी खेल खेला गया? सोशल मीडिया पर जिस तरह की खबरें चल रही हैं उसके मुताबिक इस साजिश का अहम जिम्मेदार यूपी बेस्ड पीस पार्टी के नेता शादाब चौहान को बताया जा रहा है। शादाब खुद को वकील और पीस पार्टी का चीफ स्पोकपर्सन कहते हैं। सोशल मीडिया में भड़काऊ बयानबाजी के लिए भी जाने जाते हैं। उत्तराखंड में यूसीसी बिल पास होने के बाद भी शादाब ने सोशल मीडिया पर खूब जहर उड़ेला था।
शादाब ने अपने सोशल मीडिया हैंडल पर सीएम पुष्कर सिंह धामी को धमकी देते हुए लिखा कि ‘कान खोल कर सुन लो, किसी की औकात नहीं है जो भारत के मुसलमानों को अल्लाह के हुकुम और हमारे नबी के तरीके पर चलने से रोक सके। अगर तुम हमको कमजोर समझ रहे हो तो गलती कर रहे हो, हमारी ताकत का अंदाजा तुम नहीं लगा सकते। हम संवैधानिक संघर्ष के लिए तैयार हैं, हमारी ताकत संविधान का अनुच्छेद-25 है। जिसके सामने तुम्हारी कोई हैसियत नहीं’। सोशल मीडिया पर अब शादाब चौहान की गिरफ्तारी की मांग की जा रही है, उन्हें हल्द्वानी हिंसा का सूत्रधार भी कहा जा रहा है। वहीं बात करें हल्द्वानी के हालात की तो यहां अब भी कर्फ्यू लगा है, इंटरनेट सेवा बंद है। हिंसा मामले में पुलिस ने एसओ मुखानी, सहायक नगर आयुक्त और एसओ बनभूलपुरा की तहरीर पर 18 नामजद समेत पांच हजार उपद्रवियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।
